गोष्ठी मे संकल्प लिया गया कि हर प्रत्येक माह में अंतिम रविवार को गायत्री प्रज्ञा पीठ गुरुकुल नारसन पर गोष्ठी का आयोजन किया जाएगा ।
हम बदलेंगे युग बदलेगा हम सुधरेंगे युग सुधरेगा ।

शांतिकुंज एक ऐसा स्थान है, जहाँ व्यक्ति आध्यात्मिक ज्ञान, योग, और संस्कृति के माध्यम से अपने जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकता है।
आज गायत्री प्रज्ञा पीठ गुरुकुल नारसन मे एक गोष्ठी का आयोजन किया गया जिसमे क्षेत्र के कई कार्यकर्त्ताओ ने गोष्ठी मे अपने अपने विचार रखे । आने वाले भविष्य मे प्रज्ञा पीठ पर कई आयोजन होने है जिसको लेकर यहां सभी कार्यकर्ताओं ने एक कार्यकारिणी समिति का भी गठन किया । इस गोष्ठी मे प्रज्ञा पीठ गुरुकुल नारसन के परिवज़ाक अरविन्द गुप्ता और वीरपाल शर्मा मौजूद रहे। वही अरविन्द गुप्ता ने बताया की आज दिनांक 16 अगस्त 2025 शनिवार को प्रज्ञा पीठ पर क्षेत्रीय कार्यकर्ताओ ने एक गोष्ठी का आयोजन किया, जिसमे कुछ महत्वपूर्ण बिंदुओं पर वार्ता की गई । जैसे परम पूज्य माता जी की जन्म शताब्दी पर होने वाले कार्यक्रम के आयोजन की तैयारी पर वार्ता हुई, वही गायत्री प्रज्ञा पीठ के विकास के बारे में योजना बनाई गई, क्षेत्र में अन्य कार्यकर्ताओं को कैसे शांतिकुंज पीठ के साथ जोड़ा जाए उस पर वार्ता हुई।

वही अखिलेश त्यागी ने बताया की आज हम सभी लोगो ने मिलकर एक कार्यकारिणी टीम का आयोजन किया है, ताकि आगे हम अपने क्षेत्र मे सभी भैया बहनो को शांतिकुंज के मिशन के बारे में जानकारी देकर उन्हें मिशन से जोड़ सके, क्योंकि हमारा उद्देश्य शांतिकुंज के उद्देश्य को पूरा करना है जैसा की आपको पता है की शांतिकुंज के उद्देश्य:
आध्यात्मिक जागरूकता यानी शांतिकुंज का उद्देश्य लोगों में आध्यात्मिक जागरूकता बढ़ाना है, जिससे वे अपने जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकें।
वही सामाजिक परिवर्तन शांतिकुंज का उद्देश्य समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाना है, जिससे लोगों का जीवन बेहतर हो सके। संस्कृति संरक्षण- शांतिकुंज का उद्देश्य हमारी सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करना है, जिससे हमारी आने वाली पीढ़ियाँ अपनी संस्कृति को जान सकें। उन्होंने बताया कि हम सब इन्हीं मुख्य बिंदुओं को लेकर एक साथ चल रहे हैं।
वही गोष्ठी मे आये बालेश्वर कश्यप ने बताया की शांतिकुंज एक ऐसा स्थान है, जहाँ व्यक्ति आध्यात्मिक ज्ञान, योग, और संस्कृति के माध्यम से अपने जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकता है।
इस गोष्ठी मे आये रहत सिंह मुंडलाना ने जानकारी देते हुए बताया की आज इस गोष्ठी मे संकल्प लिया गया कि हर प्रत्येक माह में अंतिम रविवार को गायत्री प्रज्ञा पीठ गुरुकुल नारसन पर गोष्ठी का आयोजन किया जाएगा जिसमें सभी कार्यकर्ताओं का आना अनिवार्य होगा । उन्होंने बताया कि हम परम पूज्य गुरुदेव श्री राम शर्मा आचार्य जी के विचारों को लेकर साथ चलते हैं, क्योंकि उनका नारा था हम बदलेंगे युग बदलेगा हम सुधरेंगे युग सुधरेगा, तो हमने शुरुआत अपने आप से की है अपने परिवार से की है ।
इस अवसर पर प्रज्ञापीठ में कई सदस्य उपस्थित रहे जिसमे
योगेंद्र सिंह, संजय सैनी, अखिलेश त्यागी, किरतपाल, सुनील कुमार त्यागी, यशपाल सिंह महाशय, नरेंद्र कुमार शर्मा, राजकुमार, कनक सिंह पवार मांगेराम प्रधान, तीरथ सिंह, रामकुमार, सतीश कुमार प्रधान, बालेश्वर कश्यप, और रहत सिंह समेत अन्य कार्यकर्त्ता उपस्थित रहे ।
